विवादित शपथ का वीडियो
पुलिस अधिकारी ने कहा जांच की जाएगी

छत्तीसगढ के राजनांदगांव मेथ एक नया विवाद छिड़ गया है।शिवनाथ किनारे मोहारा आक्सीजोन के तीन एकड़ में आयोजित किए गए बौद्ध सम्मेलन में अब एक नया विवाद खड़ा हो गया है। बौद्ध सम्मेलन में हिन्दू देवी-देवताओं के खिलाफ शपथ कराई गई। इस दौरान बौद्ध समाज से जुड़े लोगों के अलावा महापौर हेमा देशमुख और राजगामी संपदा न्यास अध्यक्ष विवेक वासनिक की भी उपस्थिति थी। जिसको लेकर अब बवाल मच गया। सांसद संतोष पांडे सहित हिन्दू संगठनों ने इसका विरोध किया है। राजगामी अध्यक्ष विवेक वासनिक के इस्तीफे की मांग की जा रही है। आज इस मामले को लेकर ज्ञापन सौंपने की भी तैयारी है। दरअसल मामला 7 नवंबर का है। मोहारा में बौद्ध समाज के कार्यक्रम में एक भिक्षु द्वारा शपथ दिलाई गई कि हम हिन्दू धर्म के किसी भी देवी देवताओं को नहीं मानूंगा और न ही उनकी कभी पूजा करूंगा। इस शपथ को लेकर एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हुआ। हालांकि जब शपथ हुई उस समय मंच पर महापौर हेमा देशमुख तस्वीर में नजर आ रही है, लेकिन उन्होंने शपथ नहीं ली। दूसरी ओर राजगामी अध्यक्ष विवेक शपथ लेते नजर आ रहे हैं। जिसके बाद से ही हंगामा मचना शुरू हो गया है। हिन्दू संगठन द्वारा इसका विरोध शुरू हो गया है। आयोजन में शामिल हुए पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह, पूर्व सांसद मधुसूदन यादव सहित अन्य नेता शपथ के पहले ही आयोजन स्थल से रवाना हो गए थे।
इस्तीफा दे अध्यक्ष

हिंदू संगठन का जोरदार विरोध

जहाँ अब हिन्दू धर्म के अनुयायी अपना विरोध जता रहे है। राजगामी संपदा के अध्यक्ष को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए।

सभी धर्मों का सम्मान

राजगामी संपदा न्यास के अध्यक्ष विवेक वासनिक का कहना है मैं सभी धर्मों का सम्मान करता हूँ। बौद्ध सम्मेलन के आयोजन में शामिल जरूर हुआ था, लेकिन मैंने कहीं कोई शपथ नहीं ली है।

मैंने नहीं ली शपथ : महापौर

इस मामले को लेकर महापौर हेमा देशमुख की तरफ से भी एक बयान जारी किया गया है। जिसमें उन्होंने कहा कि बौद्ध समाज द्वारा आयोजित बौद्ध सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में रमन सिंह और विशिष्ठ अतिथि के रूप में मैं उपस्थित थी। कार्यक्रम में एक मिक्षु द्वारा शपथ कराया गया। उन्होंने भगवान के बारे में कहा कि हम उन्हें नहीं मानते, क्योंकि उस कार्यक्रम में उपस्थित थी, मैंने शपथ नहीं लिया, न ही हाथ ऊपर किया, लेकिन सिर्फ उपस्थित रहने के कारण मुझे कुछ तत्वों द्वारा बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। कृपया बात पर विश्वास न करें, क्योंकि मैंने वहां पर शपथ नहीं लिया है।

एफआईआर

राजपूत समाज के संजय बहादुर सिंह ने कहा है कि राजपूत समाज भी हिन्दू देवी-देवताओं के अपमान को बर्दाश्त नहीं करेगा। 9 नवम्बर को राजपूत समाज के कार्यकर्ता व पदाधिकारी महाराणा प्रताप चौक में एकत्रित होकर अपना विरोध दर्ज कराए। सिंह ने बताया कि बसंतपुर थाना में एफआईआर भी दर्ज कराया जाएगा।

विरोध में हिन्दू संगठन

हिन्दू देवी-देवताओं के अपमान को लेकर हिन्दू धर्म से जुड़े लोगों ने विरोध का ऐलान किया है। बजरंग दल व सर्वहिन्दू समाज के लोग 9 नवंबर बुधवार को 11 बजे महावीर चौक में एकत्रित होकर हिन्दू देवी-देवताओं के खिलाफ शपथ दिलाने वालों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग भी किए हैं।

छत्तीसगढ में इस तरह के विवाद अमूमन न के बराबर होते हैं।किसी भी समाज के या धर्म के सम्मेलन में इस तरह का विवाद राज्य में अशांति पैदा करने वाला है।आयोजकों के विरूद्ध सरकार से लोग कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

By @dmin

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