टी एस सिंहदेव भले ही डिप्टी सीएम बन गए हैं मगर उन्हीं के गृहनगर अंबिकापुर में खाद्य मंत्री अमरजीत भगत के समर्थकों द्वारा लगाए पोस्टरों से सिंहदेव के चेहरे को पूरी तरह से दूर रखा गया।

राजनीति में पद से अधिक महत्वपूर्ण दूरदर्शिता के साथ साथ आने वाले समय की पहचान कर अपने प्रतिद्वंद्वी को चारों खाने चित्त करने की कला का जानकार होना भी ज़रूरी है।

बहुत साफ़ साफ़ कहा जाए कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अपनी विरोधी पार्टी भाजपा के लिए तो मुसीबत का सबब बन ही चुके हैं साथ साथ अपनी पार्टी में भी अकेला सर्वमान्य चेहरा हैं ये हर मौके पर साबित हो रहा है।

छत्तीसगढ़ के पहले डिप्टी सीएम के पद से नवाज़े गए टी एस सिंहदेव छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के साथ अंबिकापुर में मेडिकल कॉलेज के नवनिर्मित भव्य भवन का उद्घाटन करने के लिए रायपुर से साथ साथ आने वाले थे। तैयारियाँ भी भव्य थीं क्योंकि जय और वीरू का एक साथ आना वो भी अंबिकापुर में तो कोई कोर कसर नहीं छोड़ी गई थी।

टी एस सिंहदेव डिप्टी सीएम बने लेकिन पोस्टर पर इनका चेहरा इन्हीं के शहर में गायब।

मुख्यमंत्री बघेल ने 374 करोड़ 8 लाख रुपए की लागत से निर्मित राजमाता श्रीमती देवेन्द्र कुमारी सिंह शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय भवन तथा माता राजमोहिनी देवी स्मृति चिकित्सालय के निर्माण कार्यों का लोकार्पण किया । इन कार्यों में मुख्य रूप से 54.26 करोड़ रुपए की लागत से बने महाविद्यालय भवन, 120.73 करोड़ रुपए की लागत से बने हॉस्पिटल भवन के साथ ऑडिटोरियम, छात्रावास, स्टाफ क्वार्टर, डीन आवास सहित अन्य कार्य शामिल हैं।

अब एक नज़र डालते हैं मौसम पर तो रायपुर में सुबह के बाद ही मौसम ख़राब नहीं है। एअरपोर्ट से सभी विमानों की आवाजाही भी होती रही लेकिन अंबिकापुर आने के नाम पर मौसम ख़राब होने का हवाला देकर टी एस सिंहदेव के साथ आने का जो कार्यक्रम था वो स्थगित कर मुख्यमंत्री निवास से ही वीडियो कांफ्रेंस के जरिये उद्घाटन किया और अंबिकापुर में सिंहदेव के धुर विरोधी मंत्री अमरजीत भगत ने ग़ज़ब की मुस्कुराहट के साथ लाल फीता काटा इसे देखने वालों ने निकलते ही कहना शुरू कर दिया कि “बाबा को डिप्टी सीएम का पद हरगिज़ नहीं लेना चाहिए था।”

बात सही भी साबित हो रही है क्योंकि डिप्टी सीएम बन जाने के बाद भी टी एस सिंहदेव को उनके गृहनगर में उनकी माँ के नाम पर बने मेडिकल कॉलेज के उद्घाटन से तथाकथित मौसम ख़राब के कारण न आ पाने का अफ़सोस तो होगा ही।

वहीं सूत्रों की मानें तो भाजपा का संगठन भी अब सिंहदेव पर वक्र दृष्टि लगाए बैठा है क्योंकि अंदर ही अंदर भाजपा में इनके परिजनों के प्रवेश की बात की अटकलें भी तेजी से लगी थीं लेकिन डिप्टी सीएम के पद से संतुष्ट टी एस सिंहदेव ने कल रायपुर में मोदी की सभा को लेकर भी सीधे सीधे मोदी पर भी कटाक्ष कर डाला।

अब देखना ये है कि कांग्रेस के एक महत्वपूर्ण भाग से अलग थलग पड़े सिंहदेव पर यदि भाजपा भी पीछे पड़ जाए तो वो क्या रणनीति बनाकर आमजन के बीच जायेंगे।

अमरजीत भगत ने तो यहाँ तक कह डाला कि एअरपोर्ट तक पहुँच गए थे लेकिन मौका नहीं था इसलिए वर्चुअल किए।

वहीं सरगुजा से लेकर रायपुर तक भाजपा का मीडिया विभाग इस मामले पर ध्यान ही नहीं दे पाया और कुंभकर्णी नींद में लीन है।जबकि कल बारिश के बाद भी मोदी का कार्यक्रम हो गया।

By @dmin

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