गजब है सरगुजा ज़िले की कहानी। आमजन के विकास का दावा करने वाले नेताओं को अपने करीबी ऐसे लोगों को रखना अपनी फ़ज़ीहत कराने के लिए किस तरह पर्याप्त है ये इन तस्वीरों में देख कर अंदाज़ लगाया जा सकता है।

इस तस्वीर में ऊपर भाजपा नेता अमित गुप्ता है तो नीचे कांग्रेस का ब्लॉक अध्यक्ष प्रदीप गुप्ता है।अमित गुप्ता भाजपा सांसद का करीबी है तो प्रदीप गुप्ता खाद्य मंत्री अमरजीत भगत का।दोनों को ही किसी आंदोलन या जनहित के काम में नहीं बल्कि जमीन के फर्जीवाड़े में सरगुजा पुलिस ने धर दबोचा है जिसमें एक को जेल भेज दिया गया है और दूसरे को आज जेल दाखिल कराने की तैयारी है ।
छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से ये ऐसा मामला है जिसमें पक्ष और विपक्ष दोनों के ही नेता आपस में गजब का समन्वय दिखाते हुए बतौली के भटको गाँव की सरकारी ज़मीन का बड़ी चतुराई से बंटवारा कर लेते हैं ।

सरगुजा के भटको गाँव की सरकारी जमीन इन दोनों ने पटवारी आर आई व अन्य लोगों के साथ मिलकर आपस में अपने नाम चढ़वा ली और बन्दर बाँट कर डाली! गांव के लोगों ने इसकी शिकायत की तो चौकाने वाला मामला सामने आया।दोनों दलों के इन स्थानीय नेताओं ने सरकारी जमीन का बड़े पैमाने पर अपने अपने नाम करवाया।इसमें एक अन्य आरोपी भूपेंद्र यादव तो मंत्री अमरजीत भगत का निज सहायक था उसने भी इसमें अपने नाम जमीन करवा बकायदा धान की खेती कर धान बेचकर रूपये भी ले लिए! मामले का खुलासा होने के बाद इसे पहले ही मंत्री ने हटाने में भलाई समझी मगर अपने साथ हर कार्यक्रम में प्रदीप गुप्ता को साथ रखते रहे।परसों रात जब पुलिस ने भाजपा नेता अमित गुप्ता को गिरफ्तार किया तो भाजपाई कहने लगे कि कांग्रेस के नेता को क्यों नहीं किया! मामला तूल पकड़ा और कल शाम को कांग्रेस के नेता को भी पुलिस ने दबोच लिया।

भाजपा नेता को कल ही जेल भेज दिया गया है तो दूसरी ओर कांग्रेस के नेता को गिरफ्तार कर लिया है और जेल भेजनें की तैयारी है।लोग कह रहे हैं धन्य हैं नेता क्या पक्ष क्या विपक्ष जमीन की चाहत सब को है भले ही इनकी ज़मीन खिसक जाए।सूत्रों की माने तो सरगुजा के एस पी सुनील शर्मा ने इसमें योजना बना कर पहले भाजपा नेता को गिरफ्तार किया जिससे कांग्रेस के नेता को गिरफ्तार करने के लिए भाजपाई खुद बोलें और ऐसा हुआ भी।सोशल मीडिया में भाजपाई मुखर हुए पोस्ट किया कि कांग्रेस के ब्लाक अध्यक्ष को जो हर कार्यक्रम में मंत्री अमरजीत भगत के साथ साथ रहकर फोटो सेशन में लगा है उसे गिरफ़्तार क्यों नहीं किया गया।पुलिस कप्तान ठहरे डायरेक्टर आईपीएस अंदर ही अंदर प्लान काम कर गया कानून के पालन की ज़िम्मेदारी की बात कह पुलिस को कहा इसे भी दबोंचो ।सत्ता पक्ष के नेता को भो पुलिस ने आसानी से अपने फैलाए जाल में फंसा लिया।भाजपा का अमित गुप्ता बड़े भाजपा नेताओं के साथ फोटो खींचवा कर फेसबुक पर डालते रहता था और तो और सांसद इसके घर तक जाती थीं जिसका बेजा लाभ ये अपनी धौन्स जमाने के लिए करता था मगर खाकी का रंग इसकी सारी रंग बिरंगी फोटो पर भारी पड़ गया ।

भाजपा के प्रभात खलखो ने पोस्ट किया कि पालू उर्फ़ प्रदीप गुप्ता को किस तरह मंत्री संरक्षण दे रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री रेणुका सिंह बकायदा इस नेता के घर गईं और फ़ेसबुक पर पोस्ट भी किया।सवाल ये कि इन नेताओं को पार्टी के साधारण कार्यकर्ता के घर जाना पसंद क्यों नहीं आता?

By @dmin

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