ईडी की 6 दिनों की कस्टडी खत्म होने के बाद दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल को कोर्ट में पेश किया गया।

जज कावेरी बवेजा बैठीं

सुनवाई शुरू….

ED की तरफ से एसजी एसवी राजू और जोएब हसन पेश हो रहे हैं, वहीं केजरीवाल की तरफ से एडवोकेट रमेश गुप्ता दलीलें देंगे

ASG एसवी राजू- केजरीवाल का बयान दर्ज किया गया। वो सवालो केसीधे सीधे जवाब नहीं दे रहे

ASG -जो डिजिटल डेटा मिला है, उसको भी examine किया जा रहा है

ईडी- कुछ लोगों को गोवा से बुलाया गया है जिनसे आमने सामने बैठाकर बयान दर्ज करना.है

ASG राजू- केजरीवाल जांच में सहयोग नहीं कर रहे है। वो सवालों के सीधे सीधे जवाब नहीं दे रहे है।

ED ने केजरीवाल की 7 दिनो की रिमांड मांगी

Ed: केजरीवाल ने अभी तक पासवर्ड नहीं दिया है मोबाइल का

Ed: केजरीवाल जानबूझकर जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं
अरविंद केजरीवाल ने कोर्ट में बोलना शुरू किया:

मुझे किसी भी अदालत ने दोषी नहीं पाया है..ईडी और सीबीआई ने हजारों पन्नों की रिपोर्ट लगाई है

मैं ईडी का धन्यवाद देना चाहता हूं..ये केस दो साल से चल रहा है

आप सभी कागजों को पढ़ने तो पूछनेगे कि आखिर मुझे गिरफतार क्यों किया गया?

केजरीवाल ने कहा वह ED के अधिकारियों और कर्मचारियों को धन्यवाद देना चाहते हूँ जांच में अभी तक जिन्होंने सहयोग किया

22 अगस्त 2022 को ED ने ECIR दर्ज किया, मुझको गिरफ्तार किया गया है, मुझपर किसी कोर्ट में दोषी नहीं ठहराया गया है,

ED अब तक 31 हज़ार पेश के दस्तावेज जमा कर चुकी है, मेरा सिर्फ 4 बयान में ज़िक्र आता है

सी अरविंद का बयान है कि सिसोदिया की मौजूदगी में कुछ दस्तावेज़ दिया गया है, मेरे घर पर MLA और बहुत से लोग आते है मुझको क्या पता कि वह क्या खुसुर पुसुर करते है

क्या सिर्फ यह बयान मुझको गिरफ्तार करने के लिए काफी है

कोर्ट ने पूछा कि ये सब आप लिखित में क्यों नहीं दे रहे?

केजरीवाल ने कहा कि मै कोर्ट में बोलना चाहता हूं

अब तक मेरा नाम 4 जगह आया है..एक है सी अरविंद जिसने कहा कि उसने मेरी मौजूदगी में कुछ documents सिसोदिया को दिए..मेरे घर बहुत विधायक आते हैं? किसी एक के ऐसे बयान पर क्या सिटिंग सीएम को गिरफतार कर सकते हैं

केजरीवाल mungta के बयान के बारे में बोल रहे हैं

केजरीवाल ने कहा कि क्या एक मुख्यमंत्री को गिरफ्तार करने के लिए यह उचित ग्राउंड है,

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि एक बयान रगुंटा का है वह मेरे पास जमीन मांगने आया था, मैने कहा था ज़मीन LG के3 अंदर आता है

ED ने केजरीवाल के बोलने पर आपत्ति जताया

कोर्ट ने कहा केजरीवाल को अगर कुछ कहना है तो वह लिखित बयान कोर्ट को दे दे

केजरीवाल ने कहा कि मुझको बस 5 मिनट दे दिए मैं लिखित में भी बयान कोर्ट को दूंगा

केजरीवाल ने कहा कि ईडी के दबाव में लोग गवाह बन रहे हैं..और बयान बदल रहे हैं..

ईडी ने इसका विरोध किया

7 बयान में से 6 बयान में मेरा नाम नहीं आया..लेकिन जैसे ही 7 वें बयान में मेरा नाम किया गया..गवाह को छोड़ दिया गया

सिर्फ 4 बयानों के आधार पर एक सीएम को गिरफ्तार कर लिया जाएगा..जबकि ईडी के पास मेरी बेगुनाही बताने वाली हजारों पन्ने ईडी के पास मौजूद हैं

केजरीवाल: अगर 100 करोड़ का घोटाला है तो घोटाले का पैसा कहां गया?? दरअसल घोटाला तो एड की जांच के बाद शुरू होता है

केजरीवाल ने कहा कि शरद रेड्डी के BJP को पैसा देने के बाद उसको ज़मानत मिल गई

केजरीवाल ने कहा कि 55 करोड़ के बांड की कॉपी कोर्ट को देने को कहा

ED ने केजरीवाल के बयान का विरोध किया

ED ने कहा कि रिमांड से जुड़ी हुई कोई भी बात केजरीवाल नहीं कह रहे है!

By @dmin

You missed

अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।

महावीर अस्पताल में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं मिलने पर मशीन सील, पंजीयन के लिए आवेदन करने के निर्देश

अम्बिकापुर, 03 अक्टूबर 2026/ कलेक्टर  अजीत वसंत के निर्देश पर जिले के निजी असअंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।्पतालों में संचालित गतिविधियों लार्ज लैब के पंजीयन, लाइसेंस एवं निर्धारित व्यवस्थाओं की जांच के लिए चार सदस्यीय दल का गठन किया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. सरूता के मार्गदर्शन में गठित दल द्वारा गायत्री अस्पताल, महावीर अस्पताल एवं लाइफलाइन अस्पताल का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान दल ने अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब के लाइसेंस एवं पंजीयन संबंधी दस्तावेजों के साथ उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की। महावीर अस्पताल के निरीक्षण में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं पाया गया। अस्पताल के पास केवल स्माल लैब संचालन का लाइसेंस उपलब्ध था। इस पर लार्ज लैब में उपयोग की जा रही मशीन को तत्काल प्रभाव से सील किया गया। अस्पताल प्रबंधन को लार्ज लैब के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर अनुज्ञापत्र प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही लार्ज लैब का संचालन किया जा सकेगा।

गायत्री अस्पताल में लार्ज लैब के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों एवं उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की गई। वहीं लाइफलाइन अस्पताल के पास लार्ज लैब का लाइसेंस उपलब्ध पाया गया ।

कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले के निजी अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब का निर्धारित प्रावधानों के अनुसार पंजीयन एवं लाइसेंस सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि लार्ज लैब के संचालन के लिए आवश्यक पंजीयन एवं अनुज्ञापत्र की प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा बिना निर्धारित अनुमति के लैब संचालन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

निरीक्षण दल में नर्सिंग होम एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ. पी.के. सिन्हा,  डॉ. दीपक गुप्ता पैथोलॉजिस्ट, शिवेंद्र सिंह सदस्य तथा नर्सिंग होम एक्ट कार्यालय के शाखा प्रभारी  संजय पांडे शामिल रहे।