ED Exclusive Breaking Details for Chattisgarh:

छत्तीसगढ़ में राइस मिल घोटाला मामले में करीब एक दर्जन लोकेशन पर चल रहा है सर्च ऑपरेशन!छत्तीसगढ़ के रायपुर, दुर्ग, कोरबा, राजसमंद जिले सहित कई महत्वपूर्ण इलाकों में चल रही है सर्च ऑपरेशन की कार्रवाई!

छत्तीसगढ़ का ये है सबसे बड़ा चावल घोटाला मामला! जिसमें छत्तीसगढ़ में 2017 से साल 2023 के बीच करीब 125 करोड़ का घपला का है मामला, राशन दुकानों का चावल बाजार में बेचा राज्य बनने के बाद अब तक का सबसे बड़ा चावल का फर्जीवाड़ा सामने आया है!जांच एजेंसी के तफ्तीश के मुताबिक छत्तीसगढ़ के कई जिलों के करीब 13415 राशन दुकानों से पांच साल में 12.50 लाख टन से ज्यादा चावल खुले बाजार में बेचा जाने का है आरोप!

कोरबा में
भाजपा के जिला कोषाध्यक्ष गोपाल मोदी के राइस मिल में और अन्य संस्थाओं में छापेमारी सवेरे से चल रही है बताया जाता है कि ये पूर्व मंत्री विधायक के काफी करीबी बताए जाते हैं!
गोपाल मोदी के भाई दिनेश मोदी के यहां भी छापेमारी हुई है!
3 गाड़ियों में इ डि की टीम प्रातः से छापेमारी कर रही है!

कुछ कलेक्टर भी इसमें संदेह के दायरे में हैं ऐसा सूत्रों का कहना है!

By @dmin

You missed

अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।

महावीर अस्पताल में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं मिलने पर मशीन सील, पंजीयन के लिए आवेदन करने के निर्देश

अम्बिकापुर, 03 अक्टूबर 2026/ कलेक्टर  अजीत वसंत के निर्देश पर जिले के निजी असअंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।्पतालों में संचालित गतिविधियों लार्ज लैब के पंजीयन, लाइसेंस एवं निर्धारित व्यवस्थाओं की जांच के लिए चार सदस्यीय दल का गठन किया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. सरूता के मार्गदर्शन में गठित दल द्वारा गायत्री अस्पताल, महावीर अस्पताल एवं लाइफलाइन अस्पताल का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान दल ने अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब के लाइसेंस एवं पंजीयन संबंधी दस्तावेजों के साथ उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की। महावीर अस्पताल के निरीक्षण में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं पाया गया। अस्पताल के पास केवल स्माल लैब संचालन का लाइसेंस उपलब्ध था। इस पर लार्ज लैब में उपयोग की जा रही मशीन को तत्काल प्रभाव से सील किया गया। अस्पताल प्रबंधन को लार्ज लैब के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर अनुज्ञापत्र प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही लार्ज लैब का संचालन किया जा सकेगा।

गायत्री अस्पताल में लार्ज लैब के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों एवं उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की गई। वहीं लाइफलाइन अस्पताल के पास लार्ज लैब का लाइसेंस उपलब्ध पाया गया ।

कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले के निजी अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब का निर्धारित प्रावधानों के अनुसार पंजीयन एवं लाइसेंस सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि लार्ज लैब के संचालन के लिए आवश्यक पंजीयन एवं अनुज्ञापत्र की प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा बिना निर्धारित अनुमति के लैब संचालन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

निरीक्षण दल में नर्सिंग होम एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ. पी.के. सिन्हा,  डॉ. दीपक गुप्ता पैथोलॉजिस्ट, शिवेंद्र सिंह सदस्य तथा नर्सिंग होम एक्ट कार्यालय के शाखा प्रभारी  संजय पांडे शामिल रहे।