मात्र 25 मिनट में भारत ने जिस तरह से पाकिस्तान में आतंकी शिविरों को नेस्तनाबूद किया है उसकी एक एक जानकारी आज दी गई।

रिपोर्ट आलोक शुक्ल।

स्थान विवरण:

1) अंतर्राष्ट्रीय सीमा से लगभग 100 किलोमीटर दूर स्थित बहावलपुर, जैश-ए-मोहम्मद का मुख्यालय था।

2) सांबा के सामने सीमा से 30 किलोमीटर दूर मुरीदके। लश्कर का शिविर।

26/11 मुंबई हमलों के आतंकवादी।

3) गुलपुर, एलओसी पुंछ-राजौरी से 35 किलोमीटर दूर।

20 अप्रैल 2023 को पुंछ में हुए हमलों और 24 जून को बस में यात्रा कर रहे निर्दोष तीर्थयात्रियों पर हमले की जड़ें इन्हीं आतंकवादियों द्वारा संचालित की गई थीं।

4) लश्कर का शिविर सवाई। पीओजेके तंगधार सेक्टर के अंदर 30 किलोमीटर।

निम्नलिखित आतंकी हमलों की जड़ें:

20 अक्टूबर 2024 को सोनमर्ग, 24 अक्टूबर 2024 को गुलमर्ग और 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम हमला।

5) बिलाल कैंप, जैश-ए-मोहम्मद का लॉन्चपैड।

6) राजौरी के सामने नियंत्रण रेखा से 15 किलोमीटर दूर लश्कर कोटली कैंप। लश्कर बमवर्षक कैंप। लगभग 50 आतंकवादियों की क्षमता।

7) बरनाला कैंप, राजौरी के सामने नियंत्रण रेखा से 10 किलोमीटर दूर।

8) सरजाल कैंप, जैश कैंप, सांबा-कठुआ के सामने अंतरराष्ट्रीय सीमा से  6 किलोमीटर दूर।

9) महमूना कैंप, अंतरराष्ट्रीय सीमा से 15 किलोमीटर दूर, सियालकोट के पास, एचएम प्रशिक्षण शिविर।

9 जगहों पर 21 हमले से कई 9 आतंकी कैंप पूरी तरह से बर्बाद कर दिए गए हैं।

कर्नल सोफिया कुरैशी ने सिलसिलेवार जानकारी प्रेस कांफ्रेंस में दी जिसमें उनका साथ विंग कमांडर भूमिका सिंह ने दी साथ ही विदेश मंत्रालय की ओर से मिस्त्री जी ने इस ऑपरेशन के बारे में बताया।

सबसे बड़ी बात ये कि इसमें पाकिस्तान का कोई भी सैन्य ठिकाना और पाकिस्तान के आम नागरिकों को कोई भी नुकसान नहीं पहुंचाकर सीधे लक्ष्य पर निशाना साधा जिसकी हर कोई सराहना कर रहा है।

By @dmin

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