प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ने बिलासपुर में कहा” भाजपा को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए- सिंहदेव”

प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव कल देर शाम बिलासपुर पहुंचे जहां बिलासपुर के कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। महाराणा प्रताप चौक पर कार्यकर्ताओं से मुलाकात करने के बाद स्वास्थ्य मंत्री ने पत्रकारों से चर्चा की इस दौरान प्रदेश में एक और एम्स की बिलासपुर में स्थापना को लेकर आश्वस्त किया और कहा कि अगर भविष्य में छत्तीसगढ़ में एम्स बनेगा तो वह बिलासपुर में बनेगा।वहीं प्रदेश में भाजपा की स्थिति को लेकर टीएस बाबा ने खुलकर अपने विचार रखे और कहा कि, भाजपा और उसके संगठन की अपनी एक मजबूती है और उसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता भाजपा के पीछे आरएसएस होने की वजह से वह और भी मजबूत हो जाती है अकेले भाजपा इतनी शक्तिशाली ना हो लेकिन आरएसएस प्लस भाजपा को कभी भी कम नहीं आंकना चाहिए।ये बात अलग है कि छत्तीसगढ में भाजपा की सीटें बहुत कम आईं और इनका मनोबल टूटा हुआ है।भाजपा को भी कांग्रेस को कमजोर नही समझना चाहिए।

टी एस सिंहदेव के बयान से राजनैतिक पारा एकाएक चढ़ गया है।

राजनैतिक विश्लेषक कह रहे हैं कि टी एस सिंहदेव लगातार आने वाले समय और चुनाव को लेकर अपनी बातें इशारों में स्पष्ट तौर पर कह रहे हैं। वो ऐसी बात कर रहे हैं कि सांप भी मर जाए और लाठी भी न टूटे।मगर कांग्रेस की डगर छत्तीसगढ में इस तरह के बयानों से बहुत कठिन ही होगी ये स्पष्ट दिख रहा है।एक बयान के कई अर्थ आसानी से निकल रहे हैं ऐसे में केंद्र के कांग्रेस नेता समेत भाजपा के नेता भी इन बयानों पर अपनी नज़र गड़ाए हुए हैं।

By @dmin

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महावीर अस्पताल में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं मिलने पर मशीन सील, पंजीयन के लिए आवेदन करने के निर्देश

अम्बिकापुर, 03 अक्टूबर 2026/ कलेक्टर  अजीत वसंत के निर्देश पर जिले के निजी असअंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।्पतालों में संचालित गतिविधियों लार्ज लैब के पंजीयन, लाइसेंस एवं निर्धारित व्यवस्थाओं की जांच के लिए चार सदस्यीय दल का गठन किया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. सरूता के मार्गदर्शन में गठित दल द्वारा गायत्री अस्पताल, महावीर अस्पताल एवं लाइफलाइन अस्पताल का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान दल ने अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब के लाइसेंस एवं पंजीयन संबंधी दस्तावेजों के साथ उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की। महावीर अस्पताल के निरीक्षण में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं पाया गया। अस्पताल के पास केवल स्माल लैब संचालन का लाइसेंस उपलब्ध था। इस पर लार्ज लैब में उपयोग की जा रही मशीन को तत्काल प्रभाव से सील किया गया। अस्पताल प्रबंधन को लार्ज लैब के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर अनुज्ञापत्र प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही लार्ज लैब का संचालन किया जा सकेगा।

गायत्री अस्पताल में लार्ज लैब के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों एवं उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की गई। वहीं लाइफलाइन अस्पताल के पास लार्ज लैब का लाइसेंस उपलब्ध पाया गया ।

कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले के निजी अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब का निर्धारित प्रावधानों के अनुसार पंजीयन एवं लाइसेंस सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि लार्ज लैब के संचालन के लिए आवश्यक पंजीयन एवं अनुज्ञापत्र की प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा बिना निर्धारित अनुमति के लैब संचालन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

निरीक्षण दल में नर्सिंग होम एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ. पी.के. सिन्हा,  डॉ. दीपक गुप्ता पैथोलॉजिस्ट, शिवेंद्र सिंह सदस्य तथा नर्सिंग होम एक्ट कार्यालय के शाखा प्रभारी  संजय पांडे शामिल रहे।