चुनाव परिणाम के बाद ईडी ने आज फिर एक कार्यवाही में दो आई ए एस अधिकारी को घेरा है!

ED Exclusive Breaking for Jharkhand Desk and IAS officer’s Corruption case :

एक बार फिर झारखंड के दो IAS अधिकारी जांच एजेंसी के रडार पर

जांच एजेंसी के सूत्र के मुताबिक भ्रष्ट्राचार और मनी लॉन्ड्रिंग करके आय से अधिक संपत्ति बनाने का भी है मामला

रांची स्थित बर्लिन अस्पताल से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में केंद्रीय जांच एजेंसी ED की बड़ी कार्रवाई!जांच एजेंसी ED के द्वारा बर्लिन अस्पताल से संबंधित प्रॉपर्टी के दस्तावेजों को खंगालने और उसके मालिकाना हक से जुड़े मामले की तफ्तीश में किया जा रहा है सर्वे!

जांच एजेंसी ED और रेवेन्यू इंटेलिजेंस विभाग के अधिकारियों के द्वारा हो रही है कार्रवाई!जांच एजेंसी के सूत्र के मुताबिक झारखंड में कार्यरत एक IAS अधिकारी की पत्नी के नाम से खरीदी गई अस्पताल की संपत्ति से संबंधित मामले में हो रहा है तफ्तीश/ सर्वे का काम!

जांच एजेंसी ईडी के द्वारा पिछले कुछ समय पहले बडगाई अंचल अधिकारी से मांगी गई थी रिपोर्ट …सर्वे करने वाली तफ्तीश कर्ता के मुताबिक अस्पताल की जमीन से संबंधित दस्तावेजों को तैयार करने में हुई थी जालसाजी…खाता नंबर 54 और प्लॉट नंबर 2711 की जमीन प्रीति कुमारी के नाम पर खरीदी गई थी!करीब तीन करोड़ की प्रॉपर्टी को खरीदा गया यानी इस आरोप के मुताबिक IAS अधिकारी और उनकी पत्नी प्रीति कुमारी पर कसा जा सकता है जांच एजेंसी का शिकंजा!

By @dmin

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अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।

महावीर अस्पताल में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं मिलने पर मशीन सील, पंजीयन के लिए आवेदन करने के निर्देश

अम्बिकापुर, 03 अक्टूबर 2026/ कलेक्टर  अजीत वसंत के निर्देश पर जिले के निजी असअंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।्पतालों में संचालित गतिविधियों लार्ज लैब के पंजीयन, लाइसेंस एवं निर्धारित व्यवस्थाओं की जांच के लिए चार सदस्यीय दल का गठन किया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. सरूता के मार्गदर्शन में गठित दल द्वारा गायत्री अस्पताल, महावीर अस्पताल एवं लाइफलाइन अस्पताल का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान दल ने अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब के लाइसेंस एवं पंजीयन संबंधी दस्तावेजों के साथ उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की। महावीर अस्पताल के निरीक्षण में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं पाया गया। अस्पताल के पास केवल स्माल लैब संचालन का लाइसेंस उपलब्ध था। इस पर लार्ज लैब में उपयोग की जा रही मशीन को तत्काल प्रभाव से सील किया गया। अस्पताल प्रबंधन को लार्ज लैब के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर अनुज्ञापत्र प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही लार्ज लैब का संचालन किया जा सकेगा।

गायत्री अस्पताल में लार्ज लैब के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों एवं उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की गई। वहीं लाइफलाइन अस्पताल के पास लार्ज लैब का लाइसेंस उपलब्ध पाया गया ।

कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले के निजी अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब का निर्धारित प्रावधानों के अनुसार पंजीयन एवं लाइसेंस सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि लार्ज लैब के संचालन के लिए आवश्यक पंजीयन एवं अनुज्ञापत्र की प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा बिना निर्धारित अनुमति के लैब संचालन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

निरीक्षण दल में नर्सिंग होम एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ. पी.के. सिन्हा,  डॉ. दीपक गुप्ता पैथोलॉजिस्ट, शिवेंद्र सिंह सदस्य तथा नर्सिंग होम एक्ट कार्यालय के शाखा प्रभारी  संजय पांडे शामिल रहे।