पूर्व गृह मंत्री को बिना बुलाए आना पड़ गया मंहगा। ननकी राम कंवर को भाजपा कार्यालय के गेट से ही लौटा दिया गया।

रायपुर की बड़ी ख़बर
भाजपा के कद्दावर आदिवासी नेता भाजपा सरकार ने गृह मंत्री और वन मंत्री रहे और वर्तमान में कोरबा जिले से भाजपा विधायक ननकीराम कंवर को प्रदेश भाजपा कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर के मेन गेट से वापस भेज दिया गया।
इस मामले पर अंदर ही लोग कह रहे हैं कि “भाजपा की रीति नीति के अनुसार इस बात से सहमत हैं कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की बैठक में आमंत्रित लोगों को ही प्रवेश था लेकिन एकमात्र निर्वाचित आदिवासी विधायक को सम्मानजनक ढंग से कार्य में बैठा कर और उनकी बात सुनकर उन्हें संतुष्ट करके भेजा जाना चाहिए था मेन गेट से वापस भेजना बहुत चिंतनीय निंदनीय विषय है।”

जबकि पिछली बार पूर्व मंत्री और पूर्व सांसद रामविचार नेताम को पहाड़ी कोरबा की ज़मीन कूटरचना कर अपनी बेटी के नाम कराने के मामले के बाद भी प्रमुखता दी गई इससे अंदर ही अंदर भाजपा के कई आदिवासी नेताओं में आक्रोश भी है।

रामविचार नेताम पर परिवार वाद और ज़मीन फ़र्ज़ी वाड़े का आरोप है और तो और सरगुजा के कुदरगढ़ी प्लांट का भारी संख्या में ग्रामीण जिसमें आदिवासी समाज के लोग भी हैं लगातार विरोध कर रहे हैं इस कंपनी में पूर्व सांसद का शेयर भी है जिसे ‘पहल’ ने उजागर किया था ।जबकि ननकी राम कंवर ने छत्तीसगढ़ में बड़े घोटाले के साक्ष्य भेजे जिसका संज्ञान पीएमओ ने लिया था और एजेंसी को भेजा।

केंद्रीय गृहमंत्री 22 जुलाई को रात्रि नई दिल्ली से रायपुर पहुंचे ।रायपुर एयरपोर्ट से प्रदेश भाजपा अध्यक्ष अरुण साव के साथ सीधे प्रदेश भाजपा कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे पहुंचे और थोड़ी देर बाद उन्होंने बैठकों का दौर प्रारंभ कर दिया।सूत्र यह बता रहे हैं कि पिछली बैठक में बिलासपुर संभाग और सरगुजा संभाग के बारे में मंथन किया गया था जिसमें रामविचार नेताम को स्पेशल बुलाया गया था 22 जुलाई की रात्रि में बस्तर संभाग दुर्ग संभाग और रायपुर संभाग के बारे में चर्चा हुई ऐसा बताया जा रहा है इसको बस्तर संभाग से बस्तर महाराजा कमल चंद्र भंजदेव को कार्यालय में महत्व मिलना भी बस्तर संभाग के सातों जिलों में चर्चा का विषय बना हुआ है।
23 जुलाई को केंद्रीय गृहमंत्री विभिन्न समाज के प्रतिनिधियों से भेंट की और कुछ सहारा के प्रभावित लोगों से भी उन्होंने भेंट की जिसमें केंद्र सरकार के द्वारा हाल ही में 12 जातियों को अनुसूचित जनजाति में शामिल करने की बात शामिल की गई है उसकी भी जानकारी केंद्रीय गृह मंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को दी उसके बाद कुशाभाऊ ठाकरे परिसर प्रदेश कार्यालय से एयरपोर्ट के लिए रवाना हुए और एयरपोर्ट से नई दिल्ली के लिए रवाना हो गए।

बहरहाल केंद्रीय संगठन कांग्रेस के भ्रष्टाचार पर तो लगातार प्रहार कर रहा है मगर अपने नेताओं पर भी कुछ करेगा? वैसे आमजन कह रहे हैं कि यदी केंद्रीय एजेंसी कुछ भाजपाईयों पर भी कार्यवाही कर दे तो छत्तीसगढ़ में मोदी का ग्राफ सीधे तेजी से बढ़ेगा और भाजपा से दूर जा चुके लोग फिर भाजपा की ओर दुगनी तेजी से लौटेंगे।

By @dmin

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