कल 7 अक्टूबर को नई दिल्ली में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के द्वारा नक्सल प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्री की बैठक आमंत्रित की है उस बैठक में भाग लेने के लिए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देवसाय शाम 7:00 बजे रायपुर से नई दिल्ली रवाना हो रहे हैं।

छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में नक्सली  व फोर्स के बीच हुई मुठभेड़ में लगभग 31 नक्सली मारे गए यह एक बड़ी घटना है ।छत्तीसगढ़ सरकार के उपमुख्यमंत्री और गृहमंत्री विजय शर्मा को भी बुलाया गया है लेकिन चर्चा कुछ और भी है।
राजधानी रायपुर में और प्रदेश भाजपा कार्यालय में गरमा गरम चर्चा  है कि वित्त मंत्री ओम प्रकाश चौधरी को नई दिल्ली क्यों बुलाया गया है ? क्या कोई बड़ी घटना या फिर कोई बड़ा निर्देश या कोई बड़ी शिकायत का निराकरण करने की बात तो नहीं है हालांकु चर्चा तो कई किस्म की है।
मुख्यमंत्री,उपमुख्यमंत्री और वित्त मंत्री तीनों आज 6 अक्टूबर को रायपुर से नई दिल्ली के लिए रवाना हो रहे हैं।

सूत्रों की मानें तो कुछ मंत्रियों की गंभीर शिकायत भी केंद्रीय संगठन तक पहुंच गई है जिसे लेकर छत्तीसगढ में भाजपा सरकार की किरकिरी आने वाले समय में न हो इस पर भी मंथन हो सकता है।

छत्तीसगढ में निरंकुश होते नौकरशाह भी सरकार के लिए मुसीबत खड़ी कर रहे हैं।कुल मिलाकर कई बातें गंभीर हैं।

By @dmin

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अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।

महावीर अस्पताल में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं मिलने पर मशीन सील, पंजीयन के लिए आवेदन करने के निर्देश

अम्बिकापुर, 03 अक्टूबर 2026/ कलेक्टर  अजीत वसंत के निर्देश पर जिले के निजी असअंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।्पतालों में संचालित गतिविधियों लार्ज लैब के पंजीयन, लाइसेंस एवं निर्धारित व्यवस्थाओं की जांच के लिए चार सदस्यीय दल का गठन किया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. सरूता के मार्गदर्शन में गठित दल द्वारा गायत्री अस्पताल, महावीर अस्पताल एवं लाइफलाइन अस्पताल का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान दल ने अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब के लाइसेंस एवं पंजीयन संबंधी दस्तावेजों के साथ उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की। महावीर अस्पताल के निरीक्षण में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं पाया गया। अस्पताल के पास केवल स्माल लैब संचालन का लाइसेंस उपलब्ध था। इस पर लार्ज लैब में उपयोग की जा रही मशीन को तत्काल प्रभाव से सील किया गया। अस्पताल प्रबंधन को लार्ज लैब के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर अनुज्ञापत्र प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही लार्ज लैब का संचालन किया जा सकेगा।

गायत्री अस्पताल में लार्ज लैब के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों एवं उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की गई। वहीं लाइफलाइन अस्पताल के पास लार्ज लैब का लाइसेंस उपलब्ध पाया गया ।

कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले के निजी अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब का निर्धारित प्रावधानों के अनुसार पंजीयन एवं लाइसेंस सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि लार्ज लैब के संचालन के लिए आवश्यक पंजीयन एवं अनुज्ञापत्र की प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा बिना निर्धारित अनुमति के लैब संचालन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

निरीक्षण दल में नर्सिंग होम एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ. पी.के. सिन्हा,  डॉ. दीपक गुप्ता पैथोलॉजिस्ट, शिवेंद्र सिंह सदस्य तथा नर्सिंग होम एक्ट कार्यालय के शाखा प्रभारी  संजय पांडे शामिल रहे।