पोस्टर में बघेल के खास राजू बाबरा की फोटो पर सफेदी पोत कर चेहरा छिपाया वहीं जय और वीरू साथ होने का दिखावा करते रहे।

आज भूपेश बघेल डिप्टी सीएम टी एस सिंहदेव के गृहनगर में भेंट मुलाक़ात का कार्यक्रम कर रहे हैं।इस अवसर पर बघेल और सिंहदेव यानि जय और वीरू मंच पर तो एक दूसरे के साथ बहुत हंसते मुस्कुराते हुए तस्वीरें खिंचवाई वहीं अंबिकापुर की सीट जिससे टी एस सिंहदेव लडते आए हैं यहाँ से भूपेश बघेल गुट के राजू बाबरा उर्फ़ गुरप्रीत सिंह बाबरा ने कांग्रेस से लड़ने की दावेदारी कर दी है।जिससे सिंहदेव समर्थक और भूपेश समर्थकों के बीच आरोप प्रत्यारोप का दौर जारी हो गया है।

पोस्टर से खाद्य आयोग के सदस्य कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त गुरप्रीत सिंह बाबरा की फोटो पर सफेदी पोत दी गई जिस पर कैबिनेट मंत्री ने सीधे तौर पर कांग्रेस की जिला कमेटी पर आरोप लगाए हैं।
कैबिनेट मंत्री ने मोबाइल से पोस्टर से अपनी फोटो पर लगी सफेदी दिखाई।

छत्तीसगढ़ में बघेल सिंहदेव के बीच रस्स्कसी हमेशा देखने को मिलती रही है जिसमें भूपेश बघेल का पलड़ा हमेशा भारी रहा है मगर आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र टी एस सिंहदेव जिस तरह समीकरण बना रहे हैं उससे भूपेश बघेल के लिए राह आसान नहीं होगी।

वैसे भी सिंहदेव ने बघेल के खास अमरजीत भगत समेत बृहस्पति सिंह और चिंतामणि की सीट से अपने समर्थक को आगे कर राजनीति में शह और मात का खेल शुरू कर कांग्रेस के लिए ही चिंता बढ़ा दी है और अपना महत्व भी लोगों को अप्रत्यक्ष रूप से दिखा रहे हैं।

कैबिनेट मंत्री के साथ अमरजीत भगत का खेमा भी है मगर हक़ीक़त में सिंहदेव के गृहनगर में उनको मात देना बंद आँखों से देखा गया एक सपना ही है।

By @dmin

You missed

अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।

महावीर अस्पताल में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं मिलने पर मशीन सील, पंजीयन के लिए आवेदन करने के निर्देश

अम्बिकापुर, 03 अक्टूबर 2026/ कलेक्टर  अजीत वसंत के निर्देश पर जिले के निजी असअंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।अंबिकापुर में महावीर अस्पताल की एक मशीन सील।कलेक्टर अजीत बसंत के निर्देश पर तीन अस्पतालों का औचक निरीक्षण।लाइफ़लाइन अस्पताल में सभी नियमों का पालन होना पाया गया।्पतालों में संचालित गतिविधियों लार्ज लैब के पंजीयन, लाइसेंस एवं निर्धारित व्यवस्थाओं की जांच के लिए चार सदस्यीय दल का गठन किया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. सरूता के मार्गदर्शन में गठित दल द्वारा गायत्री अस्पताल, महावीर अस्पताल एवं लाइफलाइन अस्पताल का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान दल ने अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब के लाइसेंस एवं पंजीयन संबंधी दस्तावेजों के साथ उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की। महावीर अस्पताल के निरीक्षण में लार्ज लैब का लाइसेंस नहीं पाया गया। अस्पताल के पास केवल स्माल लैब संचालन का लाइसेंस उपलब्ध था। इस पर लार्ज लैब में उपयोग की जा रही मशीन को तत्काल प्रभाव से सील किया गया। अस्पताल प्रबंधन को लार्ज लैब के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर अनुज्ञापत्र प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही लार्ज लैब का संचालन किया जा सकेगा।

गायत्री अस्पताल में लार्ज लैब के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों एवं उपलब्ध व्यवस्थाओं की जांच की गई। वहीं लाइफलाइन अस्पताल के पास लार्ज लैब का लाइसेंस उपलब्ध पाया गया ।

कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले के निजी अस्पतालों में संचालित लार्ज लैब का निर्धारित प्रावधानों के अनुसार पंजीयन एवं लाइसेंस सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि लार्ज लैब के संचालन के लिए आवश्यक पंजीयन एवं अनुज्ञापत्र की प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित कराया जाए तथा बिना निर्धारित अनुमति के लैब संचालन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

निरीक्षण दल में नर्सिंग होम एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ. पी.के. सिन्हा,  डॉ. दीपक गुप्ता पैथोलॉजिस्ट, शिवेंद्र सिंह सदस्य तथा नर्सिंग होम एक्ट कार्यालय के शाखा प्रभारी  संजय पांडे शामिल रहे।